पहली बार विधान सभा सत्र में नई परम्पराएं प्रारम्भ:: अध्यक्ष सतीश महाना - मानवी मीडिया

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Saturday, March 4, 2023

पहली बार विधान सभा सत्र में नई परम्पराएं प्रारम्भ:: अध्यक्ष सतीश महाना

 लखनऊ (मानवी मीडिया)उत्तर प्रदेश विधान सभा के वर्ष 2023 के प्रधम सत्र जो दिनांक 20 फरवरी से प्रारम्भ हुआ था, 3 मार्च 2023 के  उपवेशन की समाप्ति पर अनिश्चित काल के लिए स्थगित हो गया है। 

 विधान सभा के अध्यक्ष सतीश महाना ने आज सत्र की समाप्ति पर सदन के सदस्यों को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि सभी दलीय नेताओं और मा॰ सदस्यों ने रूचि  पूर्ण चर्चा में भाग लिया। 

      महाना ने बताया कि सत्र में 11 उपवेशन हुए। सदन की कार्यवाही 83 घण्टा 38 मिनट चली।  36 मिनट स्थगन व 1घन्टा 51मिनट भोजन अवकाश के उपरांत 83 घन्टा 02 मिनट सदन चला।  21 मार्च को विधानसभा के वर्तमान व पूर्व सदस्यों के निधन के निदेश पर  उनको भाव भीनी श्रद्वांजलि दी गयी तथा दलीय नेताओं द्वारा शोक व्यक्त किया गया ।

     उन्होंने बताया कि 11 दिन के उपवेशन में अल्पसूचित प्रश्न 02, तारांकित प्रश्न 362, अतारांकित प्रश्न 2519, प्राप्त हुए। इनमें कुल 1259 प्रश्न उत्तरित हुए।   सरकार का ध्यान आकर्षित करने वाले नियम-301 की तमाम सूचनाओं पर शासन का ध्यान आकृष्ट किया गया। इसी सत्र में कुल-3866 याचिकाएं सदन में प्रस्तुत की गयी।

      सदन में मुख्यमंत्री  योगी आदित्य नाथ ने 02 घण्टा 47 मिनट उपस्थित रहकर  बजट पर चर्चा की और अब तक की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। वे सदन की कार्यवाही में उपस्थित रहे।

     नेता विरोधी दल,   अखिलेश यादव  भी   उपस्थित रहे। नियम-56 सहित विभिन्न प्रकार के जन महत्व के प्रश्नों को उठाया गया। लोक दल के नेता  राजपाल सिंह वालियान, आम  (निषाद पार्टी ) दल के नेता अनिल कुमार त्रिपाठी, जनसत्ता दल के रघुराज प्रताप सिंह  राजा भैया,  बसपा  पार्टी के  उमाशंकर सिंह, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस दल की नेता  आराधना मिश्रा ‘मोना‘, व अपना दल के नेता,  राम निवास वर्मा,  सुहेलदेव पार्टी के नेता,  ओम प्रकाश राजभर सहित सभी दलीय नेताओं का सहयोग रहा। संसदीय कार्य मंत्री श्री सुरेश खन्ना ने भी विपक्ष की तरफ से उठाये गये नियम-51, 56, 301 एवं अन्य सूचनाओं, बिलों के पारण और बहसों पर समाधान परक उत्तर देकर सदन में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया। मंत्रिमण्डल के सदस्यों को निरंतर सदन में उपस्थित रहकर उत्तर देने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।

उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़े राज्य का विधायी सदन है। पहली बार विधान सभा सत्र में नई परम्पराएं प्रारम्भ हुई।   इसके लिए विधान सभा अध्यक्ष ने सदन के सत्ता और विपक्षी सभी सदस्यों को धन्यवाद दिया।

 अध्यक्ष ने उत्तर प्रदेश विधान सभा के प्रमुख सचिव,  प्रदीप कुमार दुबे एवं विधान सभा के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भी धन्यवाद दिया।

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