श्रीकांत त्यागी की गिरफ़्तारी पर CP नोएडा आलोक कुमार सिंह की प्रेसवार्ता

 

लखनऊ (मानवी मीडिया)श्रीकांत त्यागी की गिरफ़्तारी पर CP नोएडा आलोक कुमार सिंह की प्रेसवार्ता पुलिस ने गालीबाज श्रीकांत त्यागी को मेरठ से गिरफ्तार किया है। श्रीकांत त्यागी कोर्ट में सरेंडर करने के प्रयास में था। इसकी भनक लगते ही पुलिस ने उसे धर दबोचा। नोएडा पुलिस आयुक्त ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि इस घटना को लेकर हमारी टीम को एक वीडियो की जानकारी मिलती है। जिसका त्वरित संज्ञान लिया गया। हमारी टीम ने संबंधित एसएचओ को उस वीडियो की जानकारी और उस परिवार से संपर्क करते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। यह पांच तारीख की घटना थी। पुलिस ने पीड़ित से संपर्क किया और केस दर्ज किया। इसके साथ ही आरोपी की तलाश शुरू की।

जरूरत पड़ने पर 12 टीमों का गठन किया-

पुलिस आयुक्त ने कहा कि आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पहले आठ टीमों का गठन किया गया था। जिसमें महिला सुरक्षा की अधिकारी भी थीं। इसके बाद बड़ी टीम का गठन किया गया। जरूरत पड़ने पर 12 टीमों का गठन किया गया। इसके साथ ही मुख्य आरोपी का लगातार पीछा किया गया। आरोपी यूपी की सीमाओं से बाहर भी गया। हमारी टीम ने तकनीकी की भी मदद ली।

विवाद की जड़ वो जमीन थी-

आरोपी श्रीकांत त्यागी बहुत शातिर तरीके से खुद को बचाने में लगा था। हमारी टीमों ने सतर्कता के साथ उसे आज मेरठ से गिरफ्तार कर लिया। विवाद की जड़ वो जमीन थी जिस पर पेड़ लगाने को लेकर आरोपी ने महिला के साथ अभद्रता की थी। 

लगातार स्थान बदलता रहा त्यागी-

पुलिस आयुक्त ने कहा कि आरोपी सबसे पहले दिल्ली से एयरपोर्ट की तरफ जाने की कोशिश की थी। लेकिन घटना का वीडियो काफी वायरल हो चुका था। जिस वजह से आरोपी मेरठ पहुंचा और अगले दिन यानी कि शनिवार को हरिद्वार पहुंचा। वहां से रविवार को वापस यूपी की सीमा में प्रवेश किया। रविवार शाम को इसने मेरठ, मुजफ्फरनगर और आसपास के इलाकों में इसकी सक्रियता देखी गई। इस दौरान इसने न केवल खुद को छुपाया बल्कि लगातार स्थान बदलता रहा। पुलिस को चकमा देने के लिए शातिर वाहन भी बदलता रहा।

गाड़ियों के नंबर ‘001’ के लिए लाखों रुपये खर्च किए-

पुलिस आयुक्त ने कहा कि हमारी टीमें इसकी हर गतिविधि पर पैनी नजर बनाए हुए थीं। नकुल त्यागी, संजय, ड्राइवर राहुल इसके मुख्य साथ हैं। ये सभी त्यागी के साथ लंबे समय से जुड़े हुए थे। कहा कि इसके पास जो वाहन मिले हैं, सभी में एक 001 की नंबर प्लेट मिली हैं। आरोपी ने सभी गाड़ियों के नंबर के लिए लाखों रुपये खर्च किए हैं।

गाड़ी पर लगा स्टीकर स्वामी प्रसाद मौर्य से मिला-

आरोपी की गाड़ी पर विधायक को मिलने वाला स्टीकर मिला है। उसका कहना है कि यह विधायक उसे स्वामी प्रसाद मौर्य के द्वारा मिला है। आरोपी पर गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई की जा रही है।

गनर मामले की भी जांच की जा रही-

अभी तक पांच गाड़ियां बरामद हुई हैं। दो फॉर्च्यूनर, दो सफारी और एक होंडा सिविक बरामद हुई है। कुछ गाड़ियां इसके और कुछ इसकी पत्नी के नाम पर हैं। इसको गाजियाबाद से मिले गनर मामले की भी जांच की जा रही है।

आवेश में गलती हो गई, अभद्रता के लिए खेद-

पुलिस आयुक्त ने कहा कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि महिला के साथ गई अभद्रता के लिए वह खेद जताता है। उससे आवेश में गलती हो गई।

Previous Post Next Post