पुष्कर सिंह धामी होंगे उत्तराखंड के 11वें मुख्यमंत्री, 8 माह में तीसरा मुख्यमंत्री


देहरादून (मानवी मीडिया)-उत्तराखंड में प्रचंड बहुमत से बनी भाजपा की सरकार का कार्यकाल पूरा होने से लगभग 8 महीने पहले तीसरी बार नए मुख्यमंत्री के रूप में विधायक पुष्कर सिंह धामी को शनिवार को विधायक का चुन लिया गया। वह आज शाम को नए पद की शपथ ले सकते हैं। केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर और भाजपा के प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम की उपस्थिति में अपराह्न तीन बजे विधानमंडल दल की बैठक पार्टी के प्रदेश कार्यालय में शुरू हुई। इसमें पूर्व मुख्यमंत्रियों त्रिवेंद्र सिंह रावत, तीरथ सिंह रावत सहित भाजपा सांसद और विधायक भी उपस्थित रहे। लगभग 30 मिनट तक चली इस बैठक में खटीमा से विधायक धामी को विधायक दल का नेता सदन चुन लिया गया। तोमर ने बैठक कक्ष के बाहर एकत्रित संवाददाताओं को इसकी जानकारी दी। धामी को नेता सदन चुने जाते ही फूल-मालाओं से लाद दिया गया। धामी ने सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है और वे कल सीएम पद की शपथ ले सकते हैं।

पुष्कर सिंह धामी

उल्लेखनीय है कि पौड़ी संसदीय क्षेत्र से सांसद और निवर्तमान मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने शुक्रवार देर रात्रि मुख्यमंत्री पद से त्यागपत्र दे दिया था। इसका कारण उनको विधायक न होना था। संवैधानिक कारणों से राज्य सरकार का कार्यकाल एक वर्ष से कम होने के कारण विधानसभा का उपचुनाव नहीं कराया जा सकता था। इससे पूर्व, 9 मार्च को तत्कालीन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को हटाकर तीरथ मुख्यमंत्री बनाए गए थे।46 साल के धामी बीजेपी के युवा नेता हैं और उत्तराखंड में अभी तक बने सभी मुख्यमंत्रियों में सबसे युवा हैं।धामी का जन्म साल 16 सितंबर, 1975 को राज्य के सीमांत जिले पिथौरागढ़ की तहसील डीडीहाट के टुण्डी गांव में हुआ है। उनका ताल्लुक सैन्य परिवार से रहा है और वे तीन बहनों के भाई हैं। उनके पिता पूर्व सैन्य अधिकारी थे। धामी की शुरुआती शिक्षा गांव में हुई और हायर एजुकेशन लखनऊ यूनिवर्सिटी से की है. पुष्कर धामी मैनेजमेंट में पोस्ट ग्रेजुएट हैं

Popular posts from this blog

उ0प्र0:: सीओ महिला सिपाही के साथ आपत्तिजनक स्थित में पकड़े गए

लखनऊ ,उ0प्र0में कोरोना की तीसरी वेव ने दी दस्तक, 50 से ज्यादा मौत, मुख्यमंत्री योगी ने दिए सख्त निर्देश

उत्तर प्रदेश राज्य भण्डारण निगम के गोदामों में तीस हज़ार श्रमिक, जो ठेकेदारों द्वारा भर्ती किये जा रहे थे उन्हें नियमितीकरण कराने के लिए , मुख्यमंत्री योगी को लिखा पत्र