तड़पती मासूम का वीडियो बनाते रहे लोग: समय पर इलाज न मिलने पर तोड़ा दम


अमरिया (मानवी मीडिया 
पीलीभीत के अमरिया के एक गांव में रहने वाली 10 साल की बच्ची पहले नृशंस वारदात और फिर संवेदनहीनता की शिकार हो गई। शनिवार सुबह खेत में लहूलुहान हालत में मिली बच्ची को तत्काल अस्पताल ले जाने के बजाय ग्रामीण उसका वीडियो बनाने में जुट गए। बदहवास मासूम का वीडियो बना रहे लोग लगातार यह सवाल करते रहे कि वारदात कैसे हुई, किसने अंजाम दी। इसके चलते इतनी देर हुई कि अस्पताल पहुंचने से पहले ही बच्ची ने दम तोड़ दिया।

मृतका के पिता ने पुलिस को बताया कि पड़ोसी गांव में चल रहे उर्स के मेले में उसने चाय की दुकान लगाई थी। शुक्रवार शाम उसकी बेटी और उसका छोटा भाई अपने चाचा के साथ मेला घूमने पहुंचे थे। इसी दौरान बच्ची लापता हो गई। देररात तक खोजबीन की गई, लेकिन वह नहीं मिली। शनिवार की सुबह कुछ लोगों ने उसे गेहूं के खेत में लहूलुहान हालत में पाया। पेट और पीठ पर घाव थे और थोड़ी दूरी पर चाकू पड़ा था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी धारदार हथियार से हत्या की बात सामने आई है। पिता ने गांव के ही शकील पर रजिंशन हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। पुलिस के अनुसार, आरोपी की तरफ से मृतका के चाचा पर दर्ज कराए गए मुकदमे समेत अन्य बिंदुओं पर जांच की जा रही है।

मासूम की हत्या कर बदला लिया या कोई और खुन्नस
बालिका की हत्या के मामले में पुलिस पड़ोसी शकील से पूछताछ कर ही रही है। क्योंकि मृतका के पिता ने पड़ोसी शकील पर रंजिशन हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस को बताया कि पिछले दिनों शकील ने उसके भाई के खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी। मामला न्यायालय में विचाराधीन है। इसके अलावा आशंका यह भी किसी और खुन्नस में घटना को अंजाम दिया गया हो। इसमें पीड़ित पक्ष का कोई करीबी शामिल हो सकता है। पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है।

पीड़ित पिता के अनुसार शुक्रवार को उनकी बेटी और बेटे को लेकर उसका भाई उर्स में उसकी चाय की दुकान पर आया था। करीब चार बजे दोनों बच्चे मेला घूमने लगे। इसके बाद दुकान पर आकर बैठ गए। शाम करीब साढ़े बजे बेटी अचानक गायब हो गई। शनिवार सुबह गंभीर रूप से घायल अवस्था में गांव से पांच सौ मीटर दूर मिली। परिवार वालों का कहना है कि जिस स्थान पर बच्ची मिली, वहां रात में दो बजे खोजते हुए पहुंचे थे। लेकिन कोई नहीं था। इससे पता लगता है कि कातिल ने करीब आठ घंटे उसे और कहीं रखा।

गौरतलब यह भी कि घटना स्थल कहीं और हो सकता है। क्योंकि जिस खेत में बालिका पाई गई, वहां उसके पैरों के निशान भी मिले हैं। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि रात में बालिका को कहा रखा गया। पुलिस ने कातिल को पकड़ने के लिए डॉग स्क्वॉड की मदद ली। कुत्ता बालिका के गांव तक गया, इससे माना जा रहा है कि घटना को अंजाम देने के बाद कातिल गांव तक गया।

शाम को बांध कर डाला, सुबह की हत्या
परिजनों ने बताया कि बच्ची शुक्रवार शाम को लापता हो गई थी। सुबह वह खेत पर पड़ी मिली तब वह जिंदा थी। कुछ ही देर बाद उसने दम तोड़ दिया। मतलब साफ है कि रात भर उसे बांधकर रखा गया।

समय पर इलाज मिल जाता तो शायद बच जाती जान
बच्ची की हत्या का शोर मचा, तो खेत में भीड़ लग गई। परिवार वाले भी पहुंच गए। इस दौरान उसका चाचा भी मौके पर पहुंचा। वह उसका वीडियो बनाकर पूछने लगा कि किसने मारा। पर घायल बच्ची कुछ भी नहीं बोल पा रही थी। बताया जा रहा है कि वह पौन घंटे तक जिंदा रही। इस दौरान यदि उसे इलाज मिल जाता तो शायद जान बच जाती।
Previous Post Next Post