इस अवसर पर पर्यटन और सस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था देश के लिए एक मिशाल है। यहा पर सामर्थ्य के साथ क्षमता भी है। निवेशको के लिए हितैषी एवं उदार निवेश नीति तैयार की गयी। इसके अलावा पर्यटन के क्षेत्र में असीमित सम्भावनायें है। उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में लगभग 5 वर्ष 6 माह के दौरान अर्जित की गयी उपलब्धियों को भी गिनाया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में विभिन्न सेक्टरों में निवेशको को आकर्षित करने के लिए लगभग 25 नीतियों को तैयार करके नीति संचालक शासन के माध्यम से विकास के लिए एक समग्र ईको सिस्टम बनाने हेतु कई सुधारात्मक कदम उठायें गये हैं जो पूरी तरह निवेश फ्रेन्डली है। उन्होंने कहा की भारत दक्षिण कोरिया के बीच सांस्कृतिक सम्बन्ध बहुत गहरे है। भोज के दौरान उन्होंने उपस्थित विभिन्न कम्पनियों के प्रतिनिधियों से उत्तर प्रदेश में निवेश करने के लिए न्यौता दिया।
इस अवसर पर प्राविधिक शिक्षा मंत्री आशीष पटेल ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में निवेश के दृष्टिगत कानून व्यवस्था में सुधार किया गया हैं। उत्तर प्रदेश में निवेश करने के लिए विभिन्न सेक्टर खुले हुए हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में औद्योगिक माहौल विकसित है। प्रदेश सरकार ने वायु, जल, सड़क, विद्युत एवं रेल नेटवर्क माध्यम से निर्बाध कनेक्टिविटी सुनिश्चित की हैं। उन्होंने निवेशकों को सम्बोधित करते हुये कहा कि उत्तर प्रदेश की सरकार निवेशको को निवेश करने हेतु हर स्तर पर सहायता प्रदान कर रही है और उनकी सुविधाओं का ध्यान रख रही है। उत्तर प्रदेश में औद्योगिक विकास बहुत तेजी से हो रहा है, इसमें निवेश करके प्रदेश के विकास में अपना योगदान दे।
प्राविधिक शिक्षा मंत्री आशीष पटेल ने साउथ कोरिया के भ्रमण के दौरान वहां की कम्पनियों एवं औद्योगिक संस्थानों के प्रतिनिधियों से वार्ता की। उन्होंने कम्पनियों के प्रतिनिधियों को उत्तर प्रदेश में निवेश करने हेतु आमंत्रित किया और कहां कि उ0प्र0 का बदलता हुआ परिवेश निवेशकों के स्वागत के लिए तैयार है।
इस प्रतिनिधि मण्डल वरिष्ठ आईएएस अमित मोहन प्रसाद सहित सी0ई0ओ0 येडा अरूण वीर सिंह, हरगोबिन्द सिंह, श्रीमती कल्यानी शर्मा, शिवानी चौहान, गौरव, दिव्यजोत सिंह आनन्द शामिल थे।