प्रधानमंत्री मोदी ने ग्राउण्ड ब्रेकिंग सेरेमनी@3.0 का उद्घाटन करके प्रदेश में 1406 परियोजनाओं का किया शुभारम्भ

लखनऊ: (मानवी मीडिया)भारत के प्रधानमंत्री  नरेन्द्र मोदी जी ने आज यहां ग्राउण्ड ब्रेकिंग सेरेमनी@3.0 का उद्घाटन करके प्रदेश में 80,224 करोड़ रुपये के निवेश की 1406 परियोजनाओं का शुभारम्भ किया। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री  का स्वागत मुख्यमंत्री जी ने जनपद फिरोजाबाद के ओ0डी0ओ0पी0 उत्पाद कांच से बना राम दरबार प्रदान कर किया। इससे पूर्व, प्रधानमंत्री जी ने प्रदर्शनी हॉल में ‘एक जनपद, एक उत्पाद योजना’ के स्टॉलों सहित विभिन्न स्टॉलों का अवलोकन किया। कार्यक्रम से पूर्व उन्होंने प्रमुख उद्यमियों एवं निवेशकों के साथ ग्रुप फोटो खिंचवाई।

प्रधानमंत्री  ने इस अवसर पर अपने सम्बोधन में उत्तर प्रदेश की युवा शक्ति पर भरोसा जताने के लिए निवेशकों को धन्यवाद देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में हो रहा 80 हजार करोड़ रुपये का निवेश रोजगार के हजारों नये अवसर बनाएगा। यह भारत के साथ उत्तर प्रदेश की ग्रोथ स्टोरी पर बढ़ते विश्वास को दर्शाता है। उन्होंने प्रदेश के नवयुवकों को बधाई देते हुए कहा कि राज्य में होने वाले निवेश का सर्वाधिक लाभ उन्हें होने वाला है। 

प्रधानमंत्री  ने प्रदेश में निवेश करने वाले उद्यमियों और निवेशकों को आश्वस्त करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास एवं आत्मनिर्भर भारत के लिए आवश्यक रिफॉर्म निरन्तर किये जाते रहेंगे। हम नीति, निर्णय, नीयत और स्वभाव से विकास के साथ हैं। हम उद्यमियों और निवेशकों के हर प्रयास में साथ होंगे। उन्होंने कहा कि दुनिया आज जिस भरोसेमन्द साथी की तलाश कर रही है, उस पर खरा उतरने का सामर्थ्य सिर्फ लोकतांत्रिक भारत के पास है। दुनिया आज भारत के पोटेंशियल को देख रही है और भारत के सामर्थ्य की सराहना भी कर रही है।

प्रधानमंत्री  ने कहा कि उत्तर प्रदेश में जब से डबल इंजन की सरकार बनी है, तब से प्रदेश में ईज ऑफ डुइंग बिजनेस की दिशा में तेजी से काम हो रहा है। प्रदेश में जिस प्रकार कानून-व्यवस्था की स्थिति सुधरी है, उससे व्यापारियों का भरोसा लौटा है। बिजनेस के लिए सही माहौल बना है। बीते वर्षाें में यहां की प्रशासनिक क्षमता और गवर्नेंस में भी सुधार आया है। इसलिए आज जनता का विश्वास मुख्यमंत्री  की सरकार पर है। उत्तर प्रदेश की जनता ने 37 साल बाद किसी सरकार को फिर से सत्ता में वापस लाकर अपने सेवक को जिम्मेदारी सौंपी है।

प्रधानमंत्री  ने कहा कि वे काशी के सांसद हैं, इसलिए चाहते हैं उद्यमी एवं निवेशक अपनी व्यस्तता में से समय निकालकर कभी काशी देखने के लिए आएं। काशी बहुत बदल गई है। विश्व की ऐसी नगरी, अपने पुरातन सामर्थ्य के साथ नए रंग-रूप में सज सकती है, यह उत्तर प्रदेश की ताकत का जीता-जागता उदाहरण है। उन्होंने कहा कि नई इकोनॉमी की डिमांड को पूरा करने के लिए डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की मजबूती का लाभ उद्यमियों को मिलने वाला है। सभी उद्यमी पूरे उत्साह से उत्तर प्रदेश की विकास यात्रा में शामिल हों, यह सबके लिए बेहद लाभकारी होगा। 

प्रधानमंत्री  ने कहा कि इस केन्द्रीय बजट में गंगा के दोनों किनारों पर 05-05 कि0मी0 के दायरे में केमिकल-फ्री प्राकृतिक खेती का कॉरिडोर बनाने की घोषणा की गयी है। डिफेंस कॉरिडोर की चर्चा होती है, लेकिन इस कॉरिडोर की चर्चा कोई नहीं करता। उत्तर प्रदेश में गंगा 1,100 कि0मी0 से ज्यादा लंबी है और यहां के 25-30 जिलों से होकर गुजरती है। उत्तर प्रदेश में प्राकृतिक खेती की बड़ी सम्भावना बनने जा रही है। प्रदेश सरकार ने कुछ वर्ष पहले अपनी फूड प्रोसेसिंग नीति घोषित की है। उन्होंने कहा कि कॉरपोरेट वर्ल्ड के लिए इस समय एग्रीकल्चर में इन्वेस्टमेंट की यह गोल्डेन अपॉर्च्युनिटी है। तेज विकास के लिए, हमारी डबल इंजन की सरकार इन्फ्रास्ट्रक्चर, इन्वेस्टमेंट और मैन्युफैक्चरिंग तीनों पर एक साथ काम कर रही है। इस साल के बजट में साढ़े 07 लाख करोड़ रुपये के अभूतपूर्व कैपिटल एक्सपेंडीचर का एलोकेशन इसी दिशा में उठाया गया कदम है।

प्रधानमंत्री  ने कहा कि हमने अपने रिफॉर्म से एक राष्ट्र के रूप में भारत को मजबूती देने का काम किया है। वन नेशन-वन टैक्स जी0एस0टी0 हो, वन नेशन-वन ग्रिड हो, वन नेशन-वन मोबिलिटी कार्ड हो, वन नेशन-वन राशन कार्ड हो, यह प्रयास, हमारी ठोस और स्पष्ट नीतियों का प्रतिबिम्ब है। उत्तर प्रदेश में भारत की पांचवें-छठवें हिस्से की आबादी रहती है, यानि उत्तर प्रदेश के एक व्यक्ति की बेहतरी, भारत के हर छठे व्यक्ति की बेहतरी होगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि उत्तर प्रदेश ही 21वीं सदी में भारत की ग्रोथ स्टोरी को गति देगा। इसी 10 वर्ष को देख लीजिए, उत्तर प्रदेश हिन्दुस्तान का बहुत बड़ा ड्राइविंग फोर्स बनने वाला है। 

प्रधानमंत्री  ने कहा कि जहां परिश्रम की पराकाष्ठा करने वाले लोग हों, जिस प्रदेश में देश की कुल आबादी का 16 प्रतिशत से अधिक कंज्यूमर बेस हो, 05 लाख से अधिक आबादी वाले एक दर्जन से अधिक शहर हों, हर जिले का अपना कोई न कोई खास प्रोडक्ट हो, बड़ी संख्या में एम0एस0एम0ई0 इकाइयां हों, लघु उद्योग हों, अलग-अलग मौसमों में अलग-अलग अनाज-फल-सब्जियों की बहार हो। गंगा-यमुना-सरयू समेत अनेक नदियों का आशीर्वाद प्राप्त हो, ऐसे उत्तर प्रदेश को तेज विकास से भला कौन रोक सकता है।

प्रधानमंत्री  ने कहा कि जल्द ही उत्तर प्रदेश की पहचान आधुनिक रेलवे इन्फ्रास्ट्रक्चर के संगम के रूप में भी होने वाली है। ईस्टर्न एवं वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर उत्तर प्रदेश में ही आपस में जुड़ने वाले हैं। जेवर समेत प्रदेश के 05 इण्टरनेशनल एयरपोर्ट, यहां की एयर कनेक्टिविटी को मजबूत करने वाले हैं। ग्रेटर नोएडा के क्षेत्र व वाराणसी में मल्टीमोडल लॉजिस्टिक ट्रांसपोर्ट हब का निर्माण भी हो रहा है। इण्डस्ट्रियल स्ट्रेटजी के हिसाब से, लॉजिस्टिक के हिसाब से उत्तर प्रदेश देश के सबसे आधुनिक इन्फ्रास्ट्रक्चर वाले राज्यों में शामिल हो रहा है। उत्तर प्रदेश में बढ़ती हुई कनेक्टिविटी, बढ़ता हुआ इन्वेस्टमेंट प्रदेश के युवाओं के लिए अनेक नये अवसर लेकर आ रहा है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 में देश में 100 से भी कम ग्राम पंचायतें ऑप्टिकल फाइबर से जुड़ी थीं। आज ऑप्टिकल फाइबर से जुड़ी ग्राम पंचायतों की संख्या भी पौने दो लाख को पार कर गई है। वर्ष 2014 से पहले हमारे यहां कुछ 100 स्टार्ट-अप्स ही थे। लेकिन आज देश में रजिस्टर्ड स्टार्ट-अप्स की संख्या भी 70 हजार के आसपास पहुंच रही है। अभी हाल ही में भारत ने 100 यूनिकॉर्न का रिकॉर्ड भी बनाया है। वर्ष 2014 में हमारे देश में सिर्फ साढ़े 6 करोड़ ब्रॉडबैंड सब्सक्राइबर्स थे। आज इनकी संख्या 78 करोड़ से ज्यादा हो चुकी है। वर्ष 2014 में एक जी0बी0 डेटा करीब-करीब 200 रुपये का पड़ता था। आज इसकी कीमत घटकर 11-12 रुपये रह गई है। भारत दुनिया के उन देशों में है जहां इतना सस्ता डेटा उपलब्ध है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि हाल ही में केंद्र की एन0डी0ए0 सरकार ने अपने 08 वर्ष पूरे किए हैं। इन वर्षों में हम रिफॉर्म, परफॉर्म, ट्रांसफॉर्म के मंत्र के साथ आगे बढ़े हैं। हमने पॉलिसी स्टेबिलिटी, कोऑर्डिनेशन तथा ईज ऑफ डुइंग बिजनेस पर जोर दिया है। हम जी-20 अर्थव्यवस्थाओं में सबसे तेज़ी से ग्रो कर रहे हैं। आज भारत, ग्लोबल रिटेल इण्डेक्स में दूसरे नंबर पर है। भारत, दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा इनर्जी कंज्यूमर देश है। बीते साल दुनिया के 100 से अधिक देशों से, 84 बिलियन डॉलर का रिकॉर्ड एफ0डी0आई0 आया है। भारत ने बीते वित्तीय वर्ष में 417 बिलियन डॉलर यानि 30 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का मर्केंडाइज एक्स्पोर्ट करके नया रिकॉर्ड बनाया है।

इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ  ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केन्द्र सरकार ने सफलतापूर्वक अपने 08 वर्ष पूरे किये हैं। आजादी के अमृत महोत्सव वर्ष के अवसर पर इस उपलब्धि का विशेष महत्व है। इन 08 वर्षाें में प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में भारत ने जीवन के समस्त क्षेत्रों में जिन ऊँचाइयों को प्राप्त किया है, उसकी सर्वत्र सराहना हो रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार उद्यमियों और निवेशकर्ताओं को पूरी सुविधा और हर सम्भव सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्रदेश में उनका निवेश सुरक्षित रहेगा। साथ ही, नीतियों के माध्यम से हर प्रकार का संरक्षण प्राप्त होगा। फरवरी, 2018 में प्रधानमंत्री जी ने ‘यू0पी0 इन्वेस्टर्स समिट-2018’ का शुभारम्भ किया था, जिसमें लगभग 4.68 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले थे।

मुख्यमंत्री  ने कहा कि ‘यू0पी0 इन्वेस्टर्स समिट-2018’ में प्राप्त निवेश प्रस्तावों में से 03 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव पहले ही जमीनी स्तर पर उतारे गए हैं। आज तृतीय ग्राउण्ड-ब्रेकिंग समारोह में 80 हजार 224 करोड़ रुपये की 1,406 निवेश परियोजनाओं का शुभारम्भ किया जा रहा है। यह परियोजनाएं प्रमुख रूप से डाटा सेण्टर क्षेत्र (25 प्रतिशत), कृषि एवं सम्बद्ध क्षेत्र (14 प्रतिशत), आई0टी0 एवं इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र (10 प्रतिशत), इन्फ्रास्ट्रक्चर (08 प्रतिशत), मैन्युफैक्चरिंग (08 प्रतिशत), हथकरघा एवं टेक्सटाइल (07 प्रतिशत), नवीकरणीय ऊर्जा (06 प्रतिशत), एम0एस0एम0ई0 (06 प्रतिशत) आदि क्षेत्रों की हैं। इन परियोजनाओं से लगभग 05 लाख प्रत्यक्ष तथा लगभग 20 लाख अप्रत्यक्ष रोजगार का सृजन होगा।

मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का भारत को 05 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य है, जिसके क्रम में उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को 01 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी बनाना लक्षित है। प्रधानमंत्री जी ने वर्ष 2014 में रिफॉर्म, परफॉर्म तथा ट्रांसफॉर्म के 03 मंत्र दिए थे, उत्तर प्रदेश सरकार ने इस मंत्र को पूरी तरह अंगीकार किया है। विगत 05 वर्षाें में उत्तर प्रदेश, देश की छठी अर्थव्यवस्था से दूसरी अर्थव्यवस्था बनने की ओर अग्रसर है। ईज ऑफ डूईंग बिजनेस रैंकिंग में 12 स्थानों की छलांग लगाकर प्रदेश ने देश में दूसरा स्थान प्राप्त किया। लीड्स-2021 (लॉजिस्टिक्स ईज़ अक्रॉस डिफरेंट स्टेट्स) रिपोर्ट में उत्तर प्रदेश की 07 स्थानों की उल्लेखनीय बढ़त हासिल की है। 

मुख्यमंत्री  ने कहा कि समस्त जनपदों के परम्परागत उत्पादों के समग्र विकास हेतु एक जनपद एक उत्पाद (ओ0डी0ओ0पी0) योजना संचालित। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के परिणामस्वरूप प्रदेश का निर्यात 88 हजार करोड़ रुपये से बढ़कर 1.56 लाख करोड़ रुपये हो गया। प्रदेश में नीति आधारित शासन तंत्र के अनुरूप उत्तर प्रदेश औद्योगिक निवेश एवं रोजगार प्रोत्साहन नीति-2017 सहित 20 से अधिक सेक्टोरल नीतियों के साथ उद्यमिता, इनोवेशन तथा ‘मेक इन यू0पी0’ को बढ़ावा दिया गया है। श्रम, भूमि आवंटन, सम्पत्ति रजिस्ट्रेशन, पर्यावरणीय अनुमोदन, निरीक्षण विनियम, कर भुगतान आदि क्षेत्रों में रिकॉर्ड 500 से अधिक सुधार लागू किये गये हैं। साथ ही, 40 विभागों के 1400 से अधिक कम्प्लायंस (अनुपालन) निरस्त किये गये हैं। 

मुख्यमंत्री  ने कहा कि डिजिटल सिंगल विण्डो क्लीयरेंस प्लेटफॉर्म ‘निवेश मित्र’ में 29 विभागों की लगभग 349 सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध हैं। मेगा एवं इससे उच्च श्रेणी के उद्योगों को, आवेदन करने के 15 दिन के भीतर भूमि प्रदान करने का प्राविधान किया गया है। कोरोना काल की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में हेल्प डेस्क के माध्यम से 66 हजार करोड़ रुपये के 96 निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए। प्रदेश के 01 करोड़ 61 लाख युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार मिला है, जबकि 60 लाख युवा स्वरोजगार से जोड़े गए हैं। साथ ही, 05 लाख नौजवानों को सरकारी नौकरी दी गयी। बेरोजगारी की दर 18 प्रतिशत से घटकर 2.9 प्रतिशत रह गयी है। 

मुख्यमंत्री  ने कहा कि प्रमुख उत्पादन एवं निर्यात केन्द्रों को निर्बाध कनेक्टिविटी दी गयी है। प्रदेश में पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे सहित 04 एक्सप्रेस-वे संचालित हैं, जबकि 04 एक्सप्रेस-वे निर्माणाधीन हैं। 03 अन्तर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे संचालित हैं। निर्माणाधीन नोएडा इन्टरनेशनल एयरपोर्ट तथा मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम अन्तर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे संचालित होने पर प्रदेश 05 अन्तर्राष्ट्रीय हवाई अड्डों वाला देश का एक मात्र राज्य होगा। उत्तर प्रदेश इकलौता राज्य है, जिसके 05 शहरों में मेट्रो संचालित हैं। 

मुख्यमंत्री  ने कहा कि राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या-1 के तहत वाराणसी से हल्दिया सेक्शन संचालित है। उत्तर प्रदेश डिफेंस इण्डस्ट्रियल कॉरिडोर में 06 नोड्स विकसित किए जा रहे हैं। लखनऊ नोड में ब्रह्मोस मिसाइल के निर्माण की इकाई स्थापित की जा रही है, जबकि झांसी नोड में भारत डायनमिक्स लि0 की इकाई स्थापित की जा रही है। आर0आर0टी0एस0 का निर्माण भी प्रगति पर है। पी0एम0 गति शक्ति नेशनल मास्टर प्लान के माध्यम से प्रदेश में इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेन्ट को बढ़ावा मिल रहा है। 

केन्द्रीय रक्षा मंत्री  राजनाथ सिंह  ने कहा कि मुख्यमंत्री बड़ी कर्मठता के साथ प्रदेश को नई ऊँचाई देने के लिए कार्य कर रहे हैं। उनके प्रयासों से राज्य में निवेश तेजी से बढ़ रहा है। उत्तर प्रदेश वर्तमान में ईज ऑफ डुइंग बिजनेस की रैंकिंग में देश में दूसरे स्थान पर है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री  भारत के समग्र विकास के लिए कार्य कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में भारत ईज ऑफ डुइंग बिजनेस की विश्व रैंकिंग में 142वें से 62वें स्थान पर आ गया है। अन्तर्राष्ट्रीय जगत में भारत की प्रतिष्ठा बढ़ी है। इसका पूरा श्रेय प्रधानमंत्री मोदी को जाता है।

प्रदेश के औद्योगिक विकास मंत्री  नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने मुख्यमंत्री  को नए भारत के नए उत्तर प्रदेश का शिल्पी एवं कर्मयोगी बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की प्रेरणा एवं मुख्यमंत्री  के नेतृत्व में राज्य अपने सर्वोत्तम सामर्थ्य के साथ देश की तरक्की में अपना योगदान सुनिश्चित कर रहा है। उन्होंने कहा कि सौभाग्य की बात है कि यह सेरेमनी ऐसे समय में आयोजित हो रही है, जब पूरा देश प्रधानमंत्री जी के यशस्वी नेतृत्व में केन्द्र सरकार के सफलतम 08 साल पूरे होने का उत्सव मना रहा है। इन 08 सालों में पूरी दुनिया ने भारत की चमक और धमक को महसूस किया है।

औद्योगिक विकास मंत्री ने ग्राउण्ड ब्रेकिंग सेरेमनी में उद्यमियों और निवेशकों की उपस्थिति को मनोबल बढ़ाने वाली बताते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के औद्योगिक परिवेश को बदलने में उन सभी का अमूल्य योगदान है। हम सब मिलकर प्रदेश को औद्योगिक विकास में नम्बर-01 बनाने का कार्य कर रहे हैं। राज्य सरकार ने प्रदेश की आध्यात्मिक धरोहर सजाने के साथ ही, राज्य को एक ट्रिलियन इकोनॉमी बनाने के लक्ष्य को लेकर प्रदेश को इन्वेस्टमेंट के सबसे अनुकूल और सुरक्षित डेस्टिनेशन के रूप में सजाया और संवारा है। राज्य सरकार ने भूमि आवंटन से लेकर इन्वायरमेन्ट क्लीयरेंस तक अनेक नियमों में सुधार करके, सिंगल विंडो के माध्यम से उन्हें और अधिक व्यावहारिक व सरल बनाया है। इसके परिणाम स्वरूप ईज़ ऑफ डुईंग बिजनेस रैंकिंग में प्रदेश 12 स्थानों की छलांग लगाते हुए नम्बर-02 स्थान पर पहुंच गया है।

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए अडानी ग्रुप के अध्यक्ष  गौतम अडानी ने कहा कि उनका सौभाग्य है कि आज उन्हें नये भारत के लिए प्रयास कर रहे दो महान नेताओं का साथ प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री  का विजन, काम के प्रति निष्ठा, सर्वांगीण विकास की ओर झुकाव प्रेरणादायक है। वर्तमान में उत्तर प्रदेश देश का सर्वाेत्तम प्रदेश बन चुका है। मुख्यमंत्री  के नेतृत्व में प्रशासन की निर्णय लेने की क्षमता और प्रोफेशनलिज्म सराहनीय है। उन्होंने कहा कि अडानी ग्रुप द्वारा प्रदेश में 70 हजार करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है। इससे प्रदेश में बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर उत्पन्न होंगे।

आदित्य बिरला ग्रुप के प्रमुख  कुमार मंगलम बिरला ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश में आज निवेश का सबसे आकर्षक गंतव्य बन चुका है। उत्तर प्रदेश की ईज ऑफ डुइंग बिजनेस की रैंकिंग में प्रगति अन्य राज्यों के लिए उदाहरण है। प्रदेश में विभिन्न क्षेत्रों में हुई विकास की पहल सराहनीय है। मुख्यमंत्री  के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश तेजी से प्रगति कर रहा है। 

हीरानन्दानी समूह के अध्यक्ष  निरंजन हीरानन्दानी ने कहा कि प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री  डबल इंजन वाले अन्दाज में कार्य कर रहे हैं। इसका प्रभाव बुलेट ट्रेन जैसा है। उत्तर प्रदेश में मेरा अनुभव शानदार रहा है। 24 माह से कम समय में डेटा सेण्टर का निर्माण किसी भी देश के लिए गर्व की बात है। हीरानन्दानी समूह अगले 05 वर्ष तक हर साल प्रदेश में सिर्फ डेटा सेण्टर में 01 हजार करोड़ रुपये का निवेश करेगा। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की सरकार जो वादा करती है, उसे पूरा करती है।

कार्यक्रम को फ्रांसीसी कम्पनी एयर लिक्विड के वी0पी0 मैथ्यू आइरीज ने भी सम्बोधित किया।

केन्द्रीय भारी उद्योग मंत्री डॉ0 महेन्द्र नाथ पाण्डेय, केन्द्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री श्री कौशल किशोर, विधान परिषद के सभापति  कुंवर मानवेन्द्र सिंह, विधान सभा के अध्यक्ष  सतीश महाना, उप मुख्यमंत्री  केशव प्रसाद मौर्य एवं  ब्रजेश पाठक, औद्योगिक विकास राज्य मंत्री  जसवन्त सैनी सहित अन्य मंत्रिगण, मुख्य सचिव  दुर्गा शंकर मिश्र, अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त  अरविन्द कुमार, अपर मुख्य सचिव सूचना एवं एम0एस0एम0ई0  नवनीत सहगल, सूचना निदेशक  शिशिर, अपर निदेशक सूचना  अंशुमान राम त्रिपाठी सहित वरिष्ठ अधिकारी, उद्यमी एवं निवेशक तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। 


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